15 w - Translate

यह आदमी 21 किलो मीटर लंबी गोवर्धन यात्रा पर निकला हुआ है।

ये 1008 पत्थर साथ लेकर चल रहे हैं ये इसी तरह एक बार में सारे पत्थरों को चूमने के बाद ही एक कदम आगे बढ़ते हैं — ऐसा करते हुए इन्हें 8 साल गुजर गया है।

आपके हिसाब से ये, "आस्था है या मूर्खता"

image
15 w - Translate

पूरे परिवार को ऐसे ही साथ रखें 🤲
सभी लोग मेरे दादा जी के लिए दुआ करे

image
15 w - Translate

मोदी जी सभी से करते प्रेम😋😋

image
15 w - Translate

हर हर महादेव 🥰👏
बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) के कैथवलिया में विराट रामायण मंदिर परिसर में दुनिया के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना किया गया कल 17 जनवरी 2026 को ही इसकी प्राण-प्रतिष्ठा और स्थापना का मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ
इस शिवलिंग और मंदिर से जुड़ी मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
1. शिवलिंग की भव्यता और माप
ऊंचाई और गोलाई: इस शिवलिंग की ऊंचाई 33 फीट और इसकी गोलाई (परिधि) भी 33 फीट है।
वजन: इसका कुल वजन लगभग 210 मीट्रिक टन (2.10 लाख किलोग्राम) है।
सहस्त्रलिंगम: इसे 'सहस्त्रलिंगम' कहा जा रहा है क्योंकि इस एक मुख्य शिवलिंग पर 1008 छोटे शिवलिंग उकेरे गए हैं।
2. निर्माण और सामग्री
दुर्लभ पत्थर: यह शिवलिंग तमिलनाडु के महाबलीपुरम में एक ही विशाल काले ग्रेनाइट पत्थर (मोनोलिथ) को तराश कर बनाया गया है।
निर्माण का समय: इसे बनाने में कारीगरों को लगभग 10 साल का समय लगा है।
यात्रा: इसे तमिलनाडु से बिहार तक लगभग 2,500 किलोमीटर की दूरी तय करके एक विशेष 96 पहियों वाले विशाल ट्रक (ट्रेलर) से लाया गया है।
#harharmahadev #fbviral #fbviralpost #goviral #nonfollower

image
15 w - Translate

हर हर महादेव 🥰👏
बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) के कैथवलिया में विराट रामायण मंदिर परिसर में दुनिया के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना किया गया कल 17 जनवरी 2026 को ही इसकी प्राण-प्रतिष्ठा और स्थापना का मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ
इस शिवलिंग और मंदिर से जुड़ी मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
1. शिवलिंग की भव्यता और माप
ऊंचाई और गोलाई: इस शिवलिंग की ऊंचाई 33 फीट और इसकी गोलाई (परिधि) भी 33 फीट है।
वजन: इसका कुल वजन लगभग 210 मीट्रिक टन (2.10 लाख किलोग्राम) है।
सहस्त्रलिंगम: इसे 'सहस्त्रलिंगम' कहा जा रहा है क्योंकि इस एक मुख्य शिवलिंग पर 1008 छोटे शिवलिंग उकेरे गए हैं।
2. निर्माण और सामग्री
दुर्लभ पत्थर: यह शिवलिंग तमिलनाडु के महाबलीपुरम में एक ही विशाल काले ग्रेनाइट पत्थर (मोनोलिथ) को तराश कर बनाया गया है।
निर्माण का समय: इसे बनाने में कारीगरों को लगभग 10 साल का समय लगा है।
यात्रा: इसे तमिलनाडु से बिहार तक लगभग 2,500 किलोमीटर की दूरी तय करके एक विशेष 96 पहियों वाले विशाल ट्रक (ट्रेलर) से लाया गया है।
#harharmahadev #fbviral #fbviralpost #goviral #nonfollower

image
15 w - Translate

हर हर महादेव 🥰👏
बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) के कैथवलिया में विराट रामायण मंदिर परिसर में दुनिया के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना किया गया कल 17 जनवरी 2026 को ही इसकी प्राण-प्रतिष्ठा और स्थापना का मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ
इस शिवलिंग और मंदिर से जुड़ी मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
1. शिवलिंग की भव्यता और माप
ऊंचाई और गोलाई: इस शिवलिंग की ऊंचाई 33 फीट और इसकी गोलाई (परिधि) भी 33 फीट है।
वजन: इसका कुल वजन लगभग 210 मीट्रिक टन (2.10 लाख किलोग्राम) है।
सहस्त्रलिंगम: इसे 'सहस्त्रलिंगम' कहा जा रहा है क्योंकि इस एक मुख्य शिवलिंग पर 1008 छोटे शिवलिंग उकेरे गए हैं।
2. निर्माण और सामग्री
दुर्लभ पत्थर: यह शिवलिंग तमिलनाडु के महाबलीपुरम में एक ही विशाल काले ग्रेनाइट पत्थर (मोनोलिथ) को तराश कर बनाया गया है।
निर्माण का समय: इसे बनाने में कारीगरों को लगभग 10 साल का समय लगा है।
यात्रा: इसे तमिलनाडु से बिहार तक लगभग 2,500 किलोमीटर की दूरी तय करके एक विशेष 96 पहियों वाले विशाल ट्रक (ट्रेलर) से लाया गया है।
#harharmahadev #fbviral #fbviralpost #goviral #nonfollower

image
15 w - Translate

हर हर महादेव 🥰👏
बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) के कैथवलिया में विराट रामायण मंदिर परिसर में दुनिया के सबसे बड़े शिवलिंग की स्थापना किया गया कल 17 जनवरी 2026 को ही इसकी प्राण-प्रतिष्ठा और स्थापना का मुख्य कार्यक्रम आयोजित हुआ
इस शिवलिंग और मंदिर से जुड़ी मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:
1. शिवलिंग की भव्यता और माप
ऊंचाई और गोलाई: इस शिवलिंग की ऊंचाई 33 फीट और इसकी गोलाई (परिधि) भी 33 फीट है।
वजन: इसका कुल वजन लगभग 210 मीट्रिक टन (2.10 लाख किलोग्राम) है।
सहस्त्रलिंगम: इसे 'सहस्त्रलिंगम' कहा जा रहा है क्योंकि इस एक मुख्य शिवलिंग पर 1008 छोटे शिवलिंग उकेरे गए हैं।
2. निर्माण और सामग्री
दुर्लभ पत्थर: यह शिवलिंग तमिलनाडु के महाबलीपुरम में एक ही विशाल काले ग्रेनाइट पत्थर (मोनोलिथ) को तराश कर बनाया गया है।
निर्माण का समय: इसे बनाने में कारीगरों को लगभग 10 साल का समय लगा है।
यात्रा: इसे तमिलनाडु से बिहार तक लगभग 2,500 किलोमीटर की दूरी तय करके एक विशेष 96 पहियों वाले विशाल ट्रक (ट्रेलर) से लाया गया है।
#harharmahadev #fbviral #fbviralpost #goviral #nonfollower

image
image
image
15 w - Translate

दिल्ली में एक करोड़ की चोरी से हड़कंप | शादी वाले घर में डाला डाका-CCTV देखें | Madipur | Delhi News
दिल्ली के मादीपुर में एक परिवार को शादी फंक्शन में जानी भारी पड़ गया। चोरों ने उनके पीछे से आकर घर में रसोई की खिड़की की ग्रिल तोड़कर डाका डाल दिया और एक किलो सोना व चार किलो चांदी चुरा कर रफूचक्कर हो गए।
#delhi #madipur #theft #punjabibagh #delhiuptodatevirals

15 w - Translate

तेलंगाना के करीमनगर जिले से एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है जिसने हर किसी को हैरान कर दिया। यहां कर्ज से जूझ रहे एक दंपती ने सोशल मीडिया के ज़रिए हनी-ट्रैप रैकेट खड़ा कर करीब 1500 लोगों को ब्लैकमेल किया।
आरोपी महिला ललिता इंस्टाग्राम पर “Lallydimplequeen” नाम से और यूट्यूब पर “Karimnagar Pilla 143” नाम से सक्रिय थी। इन प्लेटफॉर्म्स पर वह आकर्षक तस्वीरें और कंटेंट शेयर करती और युवकों को अपने जाल में फँसाती थी।
जांच के दौरान पुलिस ने बताया कि ललिता कुछ युवकों को घर बुलाती थी और इसी दौरान उसका पति गुप्त रूप से पूरी घटना की रिकॉर्डिंग कर लेता था। बाद में इसी वीडियो का इस्तेमाल कर दोनों मिलकर ब्लैकमेल और उगाही करते थे।
पूछताछ में बड़ा खुलासा यह हुआ कि आरोपी पति का रियल एस्टेट का बिज़नेस घाटे में चला गया था, जिसके बाद कर्ज और आर्थिक दबाव से उबरने के लिए पति-पत्नी ने यह रास्ता अपनाया।
पुलिस ने यह भी बताया कि दोनों की शादी को 3 साल हुए हैं और उनके 2 बच्चे भी हैं। मामला सामने आने के बाद इलाके में भारी चर्चा है कि आखिर कोई महिला और उसका पति इस हद तक कैसे जा सकते हैं।
फिलहाल करीमनगर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है और साइबर एवं वित्तीय लेन-देन से जुड़ी जांच आगे बढ़ा रही है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि यह रैकेट कितने समय से चल रहा था और क्या इसमें और लोग जुड़े थे।

image